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जयपुर की 292 बस्तियों में निकले पथ संचलन, कदम से कदम मिलाकर स्वयंसेवकों ने दिखाई एकात्मता

करधनी नगर में राजस्थान क्षेत्र संघचालक डॉ. रमेश अग्रवाल ने किया संबोधित, विभिन्न बस्तियों में शस्त्र पूजन और शारीरिक प्रदर्शन हुए

By वीएसके डेस्क October 20, 2026
समाचार › संघ व विविध संगठन
जयपुर की 292 बस्तियों में निकले पथ संचलन, कदम से कदम मिलाकर स्वयंसेवकों ने दिखाई एकात्मता
जयपुर, 20 अक्टूबर। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के स्थापना दिवस विजयादशमी के अवसर पर जयपुर महानगर की 292 बस्तियों में उत्सव आयोजित किए गए। इनमें हजारों स्वयंसेवकों ने पूर्ण गणवेश में भाग लिया। विभिन्न स्थानों पर शस्त्र पूजन, पथ संचलन और शारीरिक प्रधान कार्यक्रम हुए। पथ संचलनों के दौरान स्वयंसेवकों ने घोष की धुन पर कदम से कदम मिलाकर अनुशासन और एकात्मता का परिचय दिया। कई स्थानों पर समाजबंधुओं ने पुष्पवर्षा कर संचलन का स्वागत किया। गालव नगर, पॉन्ड्रिक नगर, झोटवाड़ा, करधनी नगर, विद्याधर नगर, मानसरोवर, जगतपुरा और पत्रकार कॉलोनी सहित विभिन्न क्षेत्रों में पथ संचलन निकाले गए। उत्सव स्थलों पर स्वयंसेवकों ने दंड, योग, आसन और अन्य शारीरिक कौशलों का प्रदर्शन किया। कार्यक्रमों में समाजबंधुओं, मातृशक्ति और विभिन्न वर्गों के नागरिकों की भी सहभागिता रही।
जयपुर की 292 बस्तियों में निकले पथ संचलन, कदम से कदम मिलाकर स्वयंसेवकों ने दिखाई एकात्मता

विजयादशमी के सांस्कृतिक महत्व पर रखे विचार

विभिन्न बस्तियों में आयोजित बौद्धिक सत्रों में विजयादशमी के सांस्कृतिक एवं आध्यात्मिक महत्व, संघ की स्थापना के उद्देश्य और संगठित समाज की आवश्यकता पर विचार रखे गए। वक्ताओं ने विजयादशमी को शक्ति उपासना, शस्त्र पूजन और विजय का पर्व बताते हुए इसे आसुरी प्रवृत्तियों पर दैवी शक्तियों की विजय का प्रतीक बताया। उन्होंने कहा कि व्यक्ति निर्माण से समाज निर्माण और समाज निर्माण से राष्ट्र निर्माण की संकल्पना साकार होती है। पथ संचलन संगठित, अनुशासित और समर्पित समाज का परिचायक है।
विजयादशमी के सांस्कृतिक महत्व पर रखे विचार

करधनी नगर में डॉ. रमेश अग्रवाल ने किया संबोधित

करधनी नगर के विजयादशमी उत्सव में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के राजस्थान क्षेत्र संघचालक डॉ. रमेश अग्रवाल उपस्थित रहे। उन्होंने अपने उद्बोधन में विजयादशमी के सांस्कृतिक महत्व, संगठन की भूमिका तथा समाज में एकता, समरसता और राष्ट्रभाव को सुदृढ़ करने पर जोर दिया।
करधनी नगर में डॉ. रमेश अग्रवाल ने किया संबोधित

विभिन्न बस्तियों में पदाधिकारियों ने किया मार्गदर्शन

मधुबन बस्ती में राजस्थान क्षेत्र बौद्धिक शिक्षण प्रमुख डॉ. श्रीकांत, विद्याधर नगर में जयपुर महानगर बौद्धिक शिक्षण प्रमुख अशोक गर्ग और भगत सिंह बस्ती, सरदार पटेल नगर में नगर बौद्धिक शिक्षण प्रमुख रुबिन माथुर ने विचार रखे। कुंदनपुरा बस्ती में जयपुर महानगर सहकार्यवाह रूप सिंह और भांकरोटा बस्ती में सह सेवा प्रमुख अशोक कुमार ने संबोधित किया। विवेकानंद नगर में भाग सह बौद्धिक प्रमुख नरेश सिंह तथा गोविंद नगर, गालव भाग में जयपुर प्रांत सह व्यवस्था प्रमुख दिनेश मणिरत्नम ने मार्गदर्शन किया। ज्योति नगर बस्ती में सह संघचालक डॉ. मामराज गुप्ता ने विचार रखे। सरस्वती नगर की विभिन्न बस्तियों में माधव, राजकुमार जैन, दुर्गेश खंडेलवाल, शंकर बाबू, जिला प्रचारक सुभाष कुमार और राजेंद्र आर्य ने बौद्धिक सत्रों को संबोधित किया। विभिन्न कार्यक्रमों में स्थानीय पदाधिकारियों और गणमान्य नागरिकों की सहभागिता रही। जयपुर महानगर की 292 बस्तियों में आयोजित उत्सवों के माध्यम से अनुशासन, संगठन शक्ति, सामाजिक समरसता और राष्ट्र के प्रति समर्पण का संदेश दिया गया।
विभिन्न बस्तियों में पदाधिकारियों ने किया मार्गदर्शन

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