विविधता वास्तव में एकता का शृंगार और उत्सव है, न कि विभाजन का कारण – डॉ. मोहन भागवत
जैसलमेर की धरा पर ‘समरसता’ का शंखनाद; चादर महोत्सव में सरसंघचालक डॉ. मोहन भागवत के साथ संत जनों और सर्व समाज का महासंगम
March 07, 2026
जैसलमेर की धरा पर ‘समरसता’ का शंखनाद; चादर महोत्सव में सरसंघचालक डॉ. मोहन भागवत के साथ संत जनों और सर्व समाज का महासंगम
-रामपुरा डाबड़ी में विराट हिंदू सम्मेलन में दिया संस्कृति और राष्ट्र एकता का संदेश
जयपुर लिटरेचर फेस्टिवल के अंतिम दिन जे. नंदकुमार द्वारा लिखित नेशनल सेल्फहुड इन साइंस नामक पुस्तक पर परिचर्चा
नारी और पुरुष भारतीय दृष्टि में परस्पर पूरक हैं, और यही चिंतन भारतीय समाज की आधारशिला है: डॉ.कृष्णगोपाल